चंद सेकेंड में गिर जाएगा भ्रष्टाचार की जमीन पर बना ट्विन टावर, 37 सौ किलो विस्फोटक का होगा इस्तेमाल
नोएडा में सुपरटेक के ट्विन टावर को कल गिरा दिया जाएगा। दोनों टावर्स को ध्वस्त करने के लिए 3700 किलो विस्फोटक का इस्तेमाल होगा। बिल्डिंग में विस्फोटक पिछले कुछ दिन पहले ही पूरा किया गया है। इसकी टेस्टिंग भी पूरी हो चुकी है। सिर्फ 12 सेकेंड में ट्विन टावर को मिट्टी में मिला दिया जाएगा।
टावर को गिराते समय कई तरह की सावधानियां बरती जाएंगी। आम लोगों को ट्विन टावर के आसपास बनी सड़कों पर प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। शहर में जगह-जगह डाइवर्जन किया गया है। 5 सड़कों को पूरी तरह नो एंट्री जोन घोषित कर दिया गया है। आसपास के इलाके को 31 अगस्त तक नो फ्लाई जोन घोषित किया गया है।
CBRI की टीम टविन टावर के गिरने के बाद आसपास बनी इमारतों का ऑडिट करेगी। पहले एमराल्ड और एटीएस के टावरों के पिलर की जांच होगी। सोसाइटी की इलेक्ट्रिसटी को भी ऑन कर जांचा जाएगा। इसके बाद स्ट्रक्चरल ऑडिट रिपोर्ट तैयार की जाएगी। रिपोर्ट के बाद अगर लोगों को फ्लैट में लौटने की अनुमति मिलिती है तो सिर्फ सीढ़ियों के इस्तेमाल की ही इजाजत मिलेगी। लिफ्ट के इस्तेमाल पर प्रतिबंध रहेगा।
टविन टावर को गिराए जाने से पहले एमराल्ड कोर्ट सोसाइटी में रह रहे लोगों को सुबह सात बजे अपना घर छोड़ना होगा। सोसाइटी लंबे समय से बीमार और बेड पर रह रहे मरीजों को 27 अगस्त तक सेक्टर 137 स्थित फेलिक्स अस्पताल में शिफ्ट किया जाएगा। अस्पताल की ओर से इसका कोई चार्ज भी नहीं लिया जाएगा।
CBRI की टीम टविन टावर के गिरने के बाद आसपास बनी इमारतों का ऑडिट करेगी। पहले एमराल्ड और एटीएस के टावरों के पिलर की जांच होगी। सोसाइटी की इलेक्ट्रिसटी को भी ऑन कर जांचा जाएगा। इसके बाद स्ट्रक्चरल ऑडिट रिपोर्ट तैयार की जाएगी। रिपोर्ट के बाद अगर लोगों को फ्लैट में लौटने की अनुमति मिलिती है तो सिर्फ सीढ़ियों के इस्तेमाल की ही इजाजत मिलेगी। लिफ्ट के इस्तेमाल पर प्रतिबंध रहेगा।